VedicSpace › पंचांग › भुवनेश्वर › 2026-06-16
शुक्ल पक्ष द्वितीया तिथि, आर्द्रा नक्षत्र · मङ्गलवार · ओडिशा (20.2961°, 85.8245°)
दिन शुद्धि: शुद्धविक्रम संवत् 2083 (सिद्धार्थी)शक संवत् 1948मिथुन (ज्येष्ठ)
पंचांग का अर्थ है दिन के पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। ये पाँचों सूर्य और चंद्र की वास्तविक स्थिति से निकलते हैं और दिन भर बदलते रहते हैं, इसलिए इनकी गणना भुवनेश्वर (20.2961°, 85.8245°) के अपने सूर्योदय — आज यहाँ 05:06 AM से की जाती है, किसी देश-भर के औसत से नहीं। नीचे इन्हीं पाँचों के आज के मान हैं, उनके समाप्ति-काल के साथ, और उसके बाद दिन के शुभ और अशुभ समय।
| फल | |||
|---|---|---|---|
| तिथि | शुक्ल पक्ष द्वितीया | तक 12:52 AM | भद्रा तिथि (पक्ष की 2, 7 और 12) — शुभ एवं सहायक। |
| वार | मङ्गलवार | — | पराक्रम, शल्य-चिकित्सा, भूमि, विवाद — शुभ आरम्भ वर्जित। |
| नक्षत्र | आर्द्रा · पाद 3 | तक 04:12 PM | तीक्ष्ण नक्षत्र — अभिचार, संघर्ष, सम्बन्ध-विच्छेद — शुभ कर्म वर्जित। |
| योग | वृद्धि | तक 12:34 AM | शुभ नित्य-योग — दिन के कार्यों का पोषक। |
| करण | बालव | तक 02:39 PM | चर करण — प्रायः सभी कार्यों हेतु उपयुक्त। |
| सूर्योदय | 05:06 AM |
| सूर्यास्त | 06:28 PM |
| चन्द्रोदय | 06:06 AM |
| चन्द्रास्त | 07:58 PM |
| चन्द्र राशि | मिथुन |
| सूर्य राशि | मिथुन |
| अयन · ऋतु | उत्तरायण · ग्रीष्म |
| अभिजित मुहूर्त | 11:20 AM – 12:13 PM |
| ब्रह्म मुहूर्त | 03:30 AM – 04:18 AM |
| अमृत काल | 06:30 AM – 07:54 AM |
| राहु काल | 03:07 PM – 04:47 PM |
| गुलिक काल | 11:47 AM – 01:27 PM |
| यमगण्ड | 08:26 AM – 10:06 AM |
| वर्ज्यम् | — |
| दुर्मुहूर्त | 10:26 AM – 11:20 AM |
| दुर्मुहूर्त | 02:00 PM – 02:54 PM |
| रोग | 05:06 AM – 06:46 AM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 06:46 AM – 08:26 AM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 08:26 AM – 10:06 AM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 10:06 AM – 11:47 AM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 11:47 AM – 01:27 PM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 01:27 PM – 03:07 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 03:07 PM – 04:47 PM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 04:47 PM – 06:28 PM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| काल | 06:28 PM – 07:47 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 07:47 PM – 09:07 PM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 09:07 PM – 10:27 PM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 10:27 PM – 11:47 PM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 11:47 PM – 01:06 AM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 01:06 AM – 02:26 AM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 02:26 AM – 03:46 AM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 03:46 AM – 05:06 AM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
यह दिन आपकी कुंडली पर: अपनी कुंडली बनाएँ · मुहूर्त खोजें · मेरा 90-दिन का पंचांग
14 Jun 202615 Jun 202617 Jun 202618 Jun 202619 Jun 202623 Jun 2026
लखनऊदिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरवाराणसीपटना