VedicSpace › पंचांग › कुआलालंपुर › 2027-04-20
शुक्ल पक्ष चतुर्दशी तिथि, हस्त नक्षत्र · मङ्गलवार · (3.139°, 101.6869°)
दिन शुद्धि: शुद्धविक्रम संवत् 2084 (रौद्री)शक संवत् 1949मेष (चैत्र)
पंचांग का अर्थ है दिन के पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। ये पाँचों सूर्य और चंद्र की वास्तविक स्थिति से निकलते हैं और दिन भर बदलते रहते हैं, इसलिए इनकी गणना कुआलालंपुर (3.139°, 101.6869°) के अपने सूर्योदय — आज यहाँ 07:06 AM से की जाती है, किसी देश-भर के औसत से नहीं। नीचे इन्हीं पाँचों के आज के मान हैं, उनके समाप्ति-काल के साथ, और उसके बाद दिन के शुभ और अशुभ समय।
| फल | |||
|---|---|---|---|
| तिथि | शुक्ल पक्ष चतुर्दशी | तक 07:21 AM | रिक्ता तिथि — क्षयकारी; कठोर अथवा नित्य कर्मों हेतु। |
| वार | मङ्गलवार | — | पराक्रम, शल्य-चिकित्सा, भूमि, विवाद — शुभ आरम्भ वर्जित। |
| नक्षत्र | हस्त · पाद 4 | तक 07:10 AM | क्षिप्र नक्षत्र — व्यापार, औषधि, विद्या, ललित कला, शीघ्र कार्य। |
| योग | हर्षण | तक 08:17 PM | शुभ नित्य-योग — दिन के कार्यों का पोषक। |
| करण | वणिज | तक 07:21 AM | चर करण — प्रायः सभी कार्यों हेतु उपयुक्त। |
| सूर्योदय | 07:06 AM |
| सूर्यास्त | 07:18 PM |
| चन्द्रोदय | 06:49 PM |
| चन्द्रास्त | 06:12 AM |
| चन्द्र राशि | कन्या |
| सूर्य राशि | मेष |
| अयन · ऋतु | उत्तरायण · वसन्त |
| अभिजित मुहूर्त | 12:47 PM – 01:36 PM |
| ब्रह्म मुहूर्त | 05:30 AM – 06:18 AM |
| अमृत काल | — |
| राहु काल | 04:15 PM – 05:46 PM |
| गुलिक काल | 01:12 PM – 02:43 PM |
| यमगण्ड | 10:09 AM – 11:40 AM |
| वर्ज्यम् | — |
| दुर्मुहूर्त | 11:58 AM – 12:47 PM |
| दुर्मुहूर्त | 03:14 PM – 04:02 PM |
| रोग | 07:06 AM – 08:37 AM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 08:37 AM – 10:09 AM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 10:09 AM – 11:40 AM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 11:40 AM – 01:12 PM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 01:12 PM – 02:43 PM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 02:43 PM – 04:15 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 04:15 PM – 05:46 PM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 05:46 PM – 07:18 PM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| काल | 07:18 PM – 08:46 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 08:46 PM – 10:15 PM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 10:15 PM – 11:43 PM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 11:43 PM – 01:12 AM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 01:12 AM – 02:40 AM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 02:40 AM – 04:09 AM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 04:09 AM – 05:37 AM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 05:37 AM – 07:06 AM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
यह दिन आपकी कुंडली पर: अपनी कुंडली बनाएँ · मुहूर्त खोजें · मेरा 90-दिन का पंचांग
18 Apr 202719 Apr 202721 Apr 202722 Apr 202723 Apr 202727 Apr 2027
लखनऊदिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरवाराणसीपटना