VedicSpace · वेधशाला

VedicSpaceपंचांगन्यूयॉर्क › 2026-12-03

न्यूयॉर्क पंचांग — 3 दिसम्बर 2026

कृष्ण पक्ष दशमी तिथि, हस्त नक्षत्र · गुरुवार · न्यूयॉर्क (40.7128°, -74.006°)

दिन शुद्धि: आंशिक (3/4)विक्रम संवत् 2083 (सिद्धार्थी)शक संवत् 1948वृश्चिक (कार्तिक)

पंचांग का अर्थ है दिन के पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। ये पाँचों सूर्य और चंद्र की वास्तविक स्थिति से निकलते हैं और दिन भर बदलते रहते हैं, इसलिए इनकी गणना न्यूयॉर्क (40.7128°, -74.006°) के अपने सूर्योदय — आज यहाँ 07:02 AM से की जाती है, किसी देश-भर के औसत से नहीं। नीचे इन्हीं पाँचों के आज के मान हैं, उनके समाप्ति-काल के साथ, और उसके बाद दिन के शुभ और अशुभ समय।

फल
तिथिकृष्ण पक्ष दशमीतक 12:34 PMपूर्णा तिथि — शुभ एवं सहायक।
वारगुरुवारसर्वाधिक शुभ — विवाह, शिक्षा, धर्म, धन, सन्तान।
नक्षत्रहस्त · पाद 2तक 11:53 PMक्षिप्र नक्षत्र — व्यापार, औषधि, विद्या, ललित कला, शीघ्र कार्य।
योगआयुष्मान्तक 09:53 PMशुभ नित्य-योग — दिन के कार्यों का पोषक।
करणविष्टि (भद्रा)तक 12:34 PMभद्रा — समस्त शुभ कर्म वर्जित; कठोर कर्मों हेतु।
इस पृष्ठ के गुण-शब्द

सूर्य–चन्द्र

सूर्योदय07:02 AM
सूर्यास्त04:29 PM
चन्द्रोदय01:47 AM
चन्द्रास्त01:10 PM
चन्द्र राशिकन्या
सूर्य राशिवृश्चिक
अयन · ऋतुदक्षिणायन · शरद्

शुभ मुहूर्त

अभिजित मुहूर्त11:26 AM – 12:04 PM
ब्रह्म मुहूर्त05:26 AM – 06:14 AM
अमृत काल06:39 PM – 08:19 PM

अशुभ काल — वर्जित

राहु काल12:56 PM – 02:07 PM
गुलिक काल09:23 AM – 10:34 AM
यमगण्ड07:02 AM – 08:12 AM
वर्ज्यम्09:02 AM – 10:43 AM
दुर्मुहूर्त12:42 PM – 01:20 PM
दुर्मुहूर्त03:13 PM – 03:51 PM

दिन चौघड़िया

शुभ07:02 AM – 08:12 AMशुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा
रोग08:12 AM – 09:23 AMरोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित
उद्वेग09:23 AM – 10:34 AMउद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित
चर10:34 AM – 11:45 AMचर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य
लाभ11:45 AM – 12:56 PMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम
अमृत12:56 PM – 02:07 PMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम
काल02:07 PM – 03:18 PMकाल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित
शुभ03:18 PM – 04:29 PMशुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा

रात्रि चौघड़िया

अमृत04:29 PM – 06:18 PMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम
काल06:18 PM – 08:07 PMकाल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित
शुभ08:07 PM – 09:56 PMशुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा
रोग09:56 PM – 11:45 PMरोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित
उद्वेग11:45 PM – 01:34 AMउद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित
चर01:34 AM – 03:23 AMचर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य
लाभ03:23 AM – 05:12 AMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम
अमृत05:12 AM – 07:02 AMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम

लाइव पञ्चाङ्ग ऐप खोलें →

अन्य तिथियाँ

अन्य नगरों का पञ्चाङ्ग

स्रोत एवं प्रमाण

P Sun/Moon sidereal longitudes via Swiss Ephemeris (pyswisseph), Lahiri/Chitrapaksha ayanamsa
T1 Surya Siddhanta — tithi=Moon−Sun/12°, nakshatra=Moon/13°20′, yoga=(Sun+Moon)/13°20′, karana=half-tithi
T3 Rahu/Yamaganda/Gulika kalam — 8 equal day-octants by weekday (standard panchang convention)
T2 Prasna Marga — Visha (Varjyam) & Amrita ghati table per nakshatra
T2 Muhurta Chintamani — auspicious/inauspicious yogas, masa/ritu/ayana
T2 Abhijit = the midday muhurta — Jaimini Sutras, B. S. Rao 1955, commentator's note to Su.27: “The mid-day goes under the name of Abhijit and is considered as very auspicious for all work. It cuts away all evils. Abhijit sarva doshaghnam.” Day divided into 15 muhurtas of 2 ghati each, varying with daylength — Brihat Parasara Hora Sastra (Tara Chandra Shastri / Khemaraja edition)
T3 Durmuhurta — muhurta slots by weekday (standard panchang convention; no verse for it in our library, so it is not cited to one)
T3 Muhurta Chintamani — Choghadiya/Kalahora prakarana; weekday-rotated 7-cycle