VedicSpace · वेधशाला

VedicSpaceपंचांगसिडनी › 2026-08-05

सिडनी पंचांग — 5 अगस्त 2026

कृष्ण पक्ष सप्तमी तिथि, अश्विनी नक्षत्र · बुधवार · न्यू साउथ वेल्स (-33.8688°, 151.2093°)

दिन शुद्धि: आंशिक (3/4)विक्रम संवत् 2083 (सिद्धार्थी)शक संवत् 1948कर्क (आषाढ़)

पंचांग का अर्थ है दिन के पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। ये पाँचों सूर्य और चंद्र की वास्तविक स्थिति से निकलते हैं और दिन भर बदलते रहते हैं, इसलिए इनकी गणना सिडनी (-33.8688°, 151.2093°) के अपने सूर्योदय — आज यहाँ 06:44 AM से की जाती है, किसी देश-भर के औसत से नहीं। नीचे इन्हीं पाँचों के आज के मान हैं, उनके समाप्ति-काल के साथ, और उसके बाद दिन के शुभ और अशुभ समय।

फल
तिथिकृष्ण पक्ष सप्तमीतक 01:12 AMभद्रा तिथि (पक्ष की 2, 7 और 12) — शुभ एवं सहायक।
वारबुधवारव्यापार, विद्या, लेखा, संवाद, लघु यात्रा।
नक्षत्रअश्विनी · पाद 1तक 01:48 AMक्षिप्र नक्षत्र — व्यापार, औषधि, विद्या, ललित कला, शीघ्र कार्य।
योगशूलतक 09:59 PMअशुभ नित्य-योग — शुभ कर्म वर्जित।
करणविष्टि (भद्रा)तक 01:57 PMभद्रा — समस्त शुभ कर्म वर्जित; कठोर कर्मों हेतु।
इस पृष्ठ के गुण-शब्द

सूर्य–चन्द्र

सूर्योदय06:44 AM
सूर्यास्त05:19 PM
चन्द्रोदय12:05 AM
चन्द्रास्त09:53 AM
चन्द्र राशिमेष
सूर्य राशिकर्क
अयन · ऋतुदक्षिणायन · ग्रीष्म

शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त05:08 AM – 05:56 AM
अमृत काल07:31 PM – 09:05 PM

अशुभ काल — वर्जित

राहु काल12:01 PM – 01:20 PM
गुलिक काल10:42 AM – 12:01 PM
यमगण्ड08:03 AM – 09:22 AM
वर्ज्यम्10:38 PM – 12:12 AM
अभिजित मुहूर्त11:40 AM – 12:22 PM — अभिजित् पर आज दुर्मुहूर्त पड़ रहा है — इसलिए इसे शुभ नहीं गिना गया।
दुर्मुहूर्त09:33 AM – 10:15 AM

दिन चौघड़िया

लाभ06:44 AM – 08:03 AMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम
अमृत08:03 AM – 09:22 AMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम
काल09:22 AM – 10:42 AMकाल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित
शुभ10:42 AM – 12:01 PMशुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा
रोग12:01 PM – 01:20 PMरोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित
उद्वेग01:20 PM – 02:40 PMउद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित
चर02:40 PM – 03:59 PMचर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य
लाभ03:59 PM – 05:19 PMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम

रात्रि चौघड़िया

उद्वेग05:19 PM – 06:59 PMउद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित
चर06:59 PM – 08:40 PMचर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य
लाभ08:40 PM – 10:20 PMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम
अमृत10:20 PM – 12:01 AMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम
काल12:01 AM – 01:42 AMकाल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित
शुभ01:42 AM – 03:22 AMशुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा
रोग03:22 AM – 05:03 AMरोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित
उद्वेग05:03 AM – 06:44 AMउद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित

लाइव पञ्चाङ्ग ऐप खोलें →

अन्य तिथियाँ

अन्य नगरों का पञ्चाङ्ग

स्रोत एवं प्रमाण

P Sun/Moon sidereal longitudes via Swiss Ephemeris (pyswisseph), Lahiri/Chitrapaksha ayanamsa
T1 Surya Siddhanta — tithi=Moon−Sun/12°, nakshatra=Moon/13°20′, yoga=(Sun+Moon)/13°20′, karana=half-tithi
T3 Rahu/Yamaganda/Gulika kalam — 8 equal day-octants by weekday (standard panchang convention)
T2 Prasna Marga — Visha (Varjyam) & Amrita ghati table per nakshatra
T2 Muhurta Chintamani — auspicious/inauspicious yogas, masa/ritu/ayana
T2 Abhijit = the midday muhurta — Jaimini Sutras, B. S. Rao 1955, commentator's note to Su.27: “The mid-day goes under the name of Abhijit and is considered as very auspicious for all work. It cuts away all evils. Abhijit sarva doshaghnam.” Day divided into 15 muhurtas of 2 ghati each, varying with daylength — Brihat Parasara Hora Sastra (Tara Chandra Shastri / Khemaraja edition)
T3 Durmuhurta — muhurta slots by weekday (standard panchang convention; no verse for it in our library, so it is not cited to one)
T3 Muhurta Chintamani — Choghadiya/Kalahora prakarana; weekday-rotated 7-cycle