VedicSpace › पंचांग › तिरुपति › 2026-09-03
कृष्ण पक्ष सप्तमी तिथि, कृत्तिका नक्षत्र · गुरुवार · आंध्र प्रदेश (13.6288°, 79.4192°)
दिन शुद्धि: आंशिक (3/4)विक्रम संवत् 2083 (सिद्धार्थी)शक संवत् 1948सिंह (श्रावण)
पंचांग का अर्थ है दिन के पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। ये पाँचों सूर्य और चंद्र की वास्तविक स्थिति से निकलते हैं और दिन भर बदलते रहते हैं, इसलिए इनकी गणना तिरुपति (13.6288°, 79.4192°) के अपने सूर्योदय — आज यहाँ 06:01 AM से की जाती है, किसी देश-भर के औसत से नहीं। नीचे इन्हीं पाँचों के आज के मान हैं, उनके समाप्ति-काल के साथ, और उसके बाद दिन के शुभ और अशुभ समय।
| फल | |||
|---|---|---|---|
| तिथि | कृष्ण पक्ष सप्तमी | तक 02:25 AM | भद्रा तिथि (पक्ष की 2, 7 और 12) — शुभ एवं सहायक। |
| वार | गुरुवार | — | सर्वाधिक शुभ — विवाह, शिक्षा, धर्म, धन, सन्तान। |
| नक्षत्र | कृत्तिका · पाद 1 | तक 12:29 AM | मिश्र नक्षत्र — मिश्रित फल; अग्नि-कर्म एवं नित्य कार्य। |
| योग | व्याघात | तक 06:33 PM | अशुभ नित्य-योग — शुभ कर्म वर्जित। |
| करण | विष्टि (भद्रा) | तक 03:27 PM | भद्रा — समस्त शुभ कर्म वर्जित; कठोर कर्मों हेतु। |
| सूर्योदय | 06:01 AM |
| सूर्यास्त | 06:23 PM |
| चन्द्रोदय | 10:59 PM |
| चन्द्रास्त | 11:15 AM |
| चन्द्र राशि | मेष |
| सूर्य राशि | सिंह |
| अयन · ऋतु | दक्षिणायन · वर्षा |
| अभिजित मुहूर्त | 11:47 AM – 12:36 PM |
| ब्रह्म मुहूर्त | 04:25 AM – 05:13 AM |
| अमृत काल | 10:14 PM – 11:45 PM |
| राहु काल | 01:44 PM – 03:17 PM |
| गुलिक काल | 09:06 AM – 10:39 AM |
| यमगण्ड | 06:01 AM – 07:33 AM |
| वर्ज्यम् | 01:08 PM – 02:39 PM |
| दुर्मुहूर्त | 01:26 PM – 02:15 PM |
| दुर्मुहूर्त | 04:44 PM – 05:33 PM |
| शुभ | 06:01 AM – 07:33 AM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 07:33 AM – 09:06 AM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 09:06 AM – 10:39 AM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 10:39 AM – 12:12 PM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 12:12 PM – 01:44 PM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 01:44 PM – 03:17 PM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 03:17 PM – 04:50 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 04:50 PM – 06:23 PM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| अमृत | 06:23 PM – 07:50 PM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 07:50 PM – 09:17 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 09:17 PM – 10:44 PM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 10:44 PM – 12:12 AM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 12:12 AM – 01:39 AM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 01:39 AM – 03:06 AM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 03:06 AM – 04:33 AM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 04:33 AM – 06:01 AM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
यह दिन आपकी कुंडली पर: अपनी कुंडली बनाएँ · मुहूर्त खोजें · मेरा 90-दिन का पंचांग
01 Sep 202602 Sep 202604 Sep 202605 Sep 202606 Sep 202610 Sep 2026
लखनऊदिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरवाराणसीपटना