आश्लेषा नक्षत्र — देवता, पाद, नक्षत्र स्वामी और त्याज्य

आश्लेषा सत्ताईस नक्षत्रों में नौवाँ है। इसके अधिष्ठातृ देवता The Serpent (Sarpa), विंशोत्तरी स्वामी Mercury, गण Rakshasa, योनि Cat, नाड़ी Antya, वर्ण Mleccha — प्रत्येक मान उसी इंजन से गणित जो कुण्डली बनाता है, और शास्त्र से उद्धृत।

एक दृष्टि में

अधिष्ठातृ देवताThe Serpent (Sarpa)
नक्षत्र स्वामीMercury
स्वभाव (मुहूर्त वर्ग)Tikshna (Sharp/Fierce)
गणRakshasa
योनिCat
नाड़ीAntya
वर्णMleccha

आश्लेषा के चार पाद — नवांश और नाम-अक्षर

पादआरम्भनाम-अक्षरनवांश (D9)नवांश स्वामी
Pāda 1106°40′«Dee»SagittariusJupiter
Pāda 2110°00′«Doo»CapricornSaturn
Pāda 3113°20′«De»AquariusSaturn
Pāda 4116°40′«Do»PiscesJupiter

विष घटी (त्याज्य)

आश्लेषा का विष (त्याज्य) भाग नक्षत्र के आरम्भ से घटी 32–36 तक रहता है — यही दैनिक वर्ज्य काल का आधार है।

देवता बृहत् पाराशर होराशास्त्र अध्याय ६ से; गण/नाड़ी/वर्ण/योनि अष्टकूट तालिकाओं से; नाम-अक्षर नामकरण तालिका से; नवांश मानक पाराशरी विभाजन से; त्याज्य प्रश्न मार्ग से।