स्वाति नक्षत्र — देवता, पाद, नक्षत्र स्वामी और त्याज्य

स्वाति सत्ताईस नक्षत्रों में पंद्रहवाँ है। इसके अधिष्ठातृ देवता Vāyu, विंशोत्तरी स्वामी Rahu, गण Dev, योनि Buffalo, नाड़ी Antya, वर्ण Butcher — प्रत्येक मान उसी इंजन से गणित जो कुण्डली बनाता है, और शास्त्र से उद्धृत।

एक दृष्टि में

अधिष्ठातृ देवताVāyu
नक्षत्र स्वामीRahu
स्वभाव (मुहूर्त वर्ग)Chara (Movable)
गणDev
योनिBuffalo
नाड़ीAntya
वर्णButcher

स्वाति के चार पाद — नवांश और नाम-अक्षर

पादआरम्भनाम-अक्षरनवांश (D9)नवांश स्वामी
Pāda 1186°40′«Roo»SagittariusJupiter
Pāda 2190°00′«Re»CapricornSaturn
Pāda 3193°20′«Ro»AquariusSaturn
Pāda 4196°40′«Taa»PiscesJupiter

विष घटी (त्याज्य)

स्वाति का विष (त्याज्य) भाग नक्षत्र के आरम्भ से घटी 14–18 तक रहता है — यही दैनिक वर्ज्य काल का आधार है।

देवता बृहत् पाराशर होराशास्त्र अध्याय ६ से; गण/नाड़ी/वर्ण/योनि अष्टकूट तालिकाओं से; नाम-अक्षर नामकरण तालिका से; नवांश मानक पाराशरी विभाजन से; त्याज्य प्रश्न मार्ग से।