VedicSpace › पंचांग › भुवनेश्वर › 2026-08-13
शुक्ल पक्ष प्रतिपदा तिथि, आश्लेषा नक्षत्र · गुरुवार · ओडिशा (20.2961°, 85.8245°)
दिन शुद्धि: आंशिक (3/4)विक्रम संवत् 2083 (सिद्धार्थी)शक संवत् 1948कर्क (आषाढ़)
पंचांग का अर्थ है दिन के पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। ये पाँचों सूर्य और चंद्र की वास्तविक स्थिति से निकलते हैं और दिन भर बदलते रहते हैं, इसलिए इनकी गणना भुवनेश्वर (20.2961°, 85.8245°) के अपने सूर्योदय — आज यहाँ 05:25 AM से की जाती है, किसी देश-भर के औसत से नहीं। नीचे इन्हीं पाँचों के आज के मान हैं, उनके समाप्ति-काल के साथ, और उसके बाद दिन के शुभ और अशुभ समय।
| फल | |||
|---|---|---|---|
| तिथि | शुक्ल पक्ष प्रतिपदा | तक 08:42 PM | नन्दा तिथि — शुभ एवं सहायक। |
| वार | गुरुवार | — | सर्वाधिक शुभ — विवाह, शिक्षा, धर्म, धन, सन्तान। |
| नक्षत्र | आश्लेषा · पाद 4 | तक 06:06 AM | तीक्ष्ण नक्षत्र — अभिचार, संघर्ष, सम्बन्ध-विच्छेद — शुभ कर्म वर्जित। |
| योग | वरीयान् | तक 12:16 PM | शुभ नित्य-योग — दिन के कार्यों का पोषक। |
| करण | किंस्तुघ्न | तक 09:51 AM | स्थिर करण — शुभ, उत्तम आरम्भ का पोषक। |
| सूर्योदय | 05:25 AM |
| सूर्यास्त | 06:17 PM |
| चन्द्रोदय | 05:50 AM |
| चन्द्रास्त | 06:45 PM |
| चन्द्र राशि | कर्क |
| सूर्य राशि | कर्क |
| अयन · ऋतु | दक्षिणायन · ग्रीष्म |
| अभिजित मुहूर्त | 11:25 AM – 12:16 PM |
| ब्रह्म मुहूर्त | 03:49 AM – 04:37 AM |
| अमृत काल | 04:02 AM – 05:31 AM |
| राहु काल | 01:27 PM – 03:04 PM |
| गुलिक काल | 08:38 AM – 10:14 AM |
| यमगण्ड | 05:25 AM – 07:01 AM |
| वर्ज्यम् | — |
| दुर्मुहूर्त | 01:08 PM – 01:59 PM |
| दुर्मुहूर्त | 04:34 PM – 05:25 PM |
| शुभ | 05:25 AM – 07:01 AM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 07:01 AM – 08:38 AM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 08:38 AM – 10:14 AM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 10:14 AM – 11:51 AM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 11:51 AM – 01:27 PM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 01:27 PM – 03:04 PM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 03:04 PM – 04:40 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 04:40 PM – 06:17 PM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| अमृत | 06:17 PM – 07:40 PM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 07:40 PM – 09:04 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 09:04 PM – 10:27 PM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 10:27 PM – 11:51 PM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 11:51 PM – 01:14 AM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 01:14 AM – 02:38 AM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 02:38 AM – 04:01 AM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 04:01 AM – 05:25 AM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
यह दिन आपकी कुंडली पर: अपनी कुंडली बनाएँ · मुहूर्त खोजें · मेरा 90-दिन का पंचांग
11 Aug 202612 Aug 202614 Aug 202615 Aug 202616 Aug 202620 Aug 2026
लखनऊदिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरवाराणसीपटना