VedicSpace · वेधशाला

VedicSpaceपंचांगशिकागो › 2026-11-09

शिकागो पंचांग — 9 नवम्बर 2026

शुक्ल पक्ष प्रतिपदा तिथि, विशाखा नक्षत्र · सोमवार · इलिनॉय (41.8781°, -87.6298°)

दिन शुद्धि: शुद्धविक्रम संवत् 2083 (सिद्धार्थी)शक संवत् 1948तुला (आश्विन)

पंचांग का अर्थ है दिन के पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। ये पाँचों सूर्य और चंद्र की वास्तविक स्थिति से निकलते हैं और दिन भर बदलते रहते हैं, इसलिए इनकी गणना शिकागो (41.8781°, -87.6298°) के अपने सूर्योदय — आज यहाँ 06:33 AM से की जाती है, किसी देश-भर के औसत से नहीं। नीचे इन्हीं पाँचों के आज के मान हैं, उनके समाप्ति-काल के साथ, और उसके बाद दिन के शुभ और अशुभ समय।

फल
तिथिशुक्ल पक्ष प्रतिपदातक 02:30 AMनन्दा तिथि — शुभ एवं सहायक।
वारसोमवारयात्रा, जल-द्रव्य, लोक-व्यवहार, शान्ति, माता, कोमल कर्म।
नक्षत्रविशाखा · पाद 2तक 09:49 PMमिश्र नक्षत्र — मिश्रित फल; अग्नि-कर्म एवं नित्य कार्य।
योगसौभाग्यतक 03:27 PMशुभ नित्य-योग — दिन के कार्यों का पोषक।
करणकिंस्तुघ्नतक 01:43 PMस्थिर करण — शुभ, उत्तम आरम्भ का पोषक।
इस पृष्ठ के गुण-शब्द

सूर्य–चन्द्र

सूर्योदय06:33 AM
सूर्यास्त04:36 PM
चन्द्रोदय07:14 AM
चन्द्रास्त04:19 PM
चन्द्र राशितुला
सूर्य राशितुला
अयन · ऋतुदक्षिणायन · शरद्

शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त04:57 AM – 05:45 AM
अमृत काल12:50 PM – 02:34 PM

अशुभ काल — वर्जित

राहु काल07:48 AM – 09:03 AM
गुलिक काल12:49 PM – 02:05 PM
यमगण्ड10:19 AM – 11:34 AM
वर्ज्यम्
अभिजित मुहूर्त11:14 AM – 11:54 AM — अभिजित् पर आज दुर्मुहूर्त पड़ रहा है — इसलिए इसे शुभ नहीं गिना गया।
दुर्मुहूर्त01:55 PM – 02:35 PM

दिन चौघड़िया

अमृत06:33 AM – 07:48 AMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम
काल07:48 AM – 09:03 AMकाल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित
शुभ09:03 AM – 10:19 AMशुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा
रोग10:19 AM – 11:34 AMरोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित
उद्वेग11:34 AM – 12:49 PMउद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित
चर12:49 PM – 02:05 PMचर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य
लाभ02:05 PM – 03:20 PMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम
अमृत03:20 PM – 04:36 PMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम

रात्रि चौघड़िया

चर04:36 PM – 06:20 PMचर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य
लाभ06:20 PM – 08:05 PMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम
अमृत08:05 PM – 09:49 PMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम
काल09:49 PM – 11:34 PMकाल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित
शुभ11:34 PM – 01:19 AMशुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा
रोग01:19 AM – 03:03 AMरोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित
उद्वेग03:03 AM – 04:48 AMउद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित
चर04:48 AM – 06:33 AMचर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य

लाइव पञ्चाङ्ग ऐप खोलें →

अन्य तिथियाँ

अन्य नगरों का पञ्चाङ्ग

स्रोत एवं प्रमाण

P Sun/Moon sidereal longitudes via Swiss Ephemeris (pyswisseph), Lahiri/Chitrapaksha ayanamsa
T1 Surya Siddhanta — tithi=Moon−Sun/12°, nakshatra=Moon/13°20′, yoga=(Sun+Moon)/13°20′, karana=half-tithi
T3 Rahu/Yamaganda/Gulika kalam — 8 equal day-octants by weekday (standard panchang convention)
T2 Prasna Marga — Visha (Varjyam) & Amrita ghati table per nakshatra
T2 Muhurta Chintamani — auspicious/inauspicious yogas, masa/ritu/ayana
T2 Abhijit = the midday muhurta — Jaimini Sutras, B. S. Rao 1955, commentator's note to Su.27: “The mid-day goes under the name of Abhijit and is considered as very auspicious for all work. It cuts away all evils. Abhijit sarva doshaghnam.” Day divided into 15 muhurtas of 2 ghati each, varying with daylength — Brihat Parasara Hora Sastra (Tara Chandra Shastri / Khemaraja edition)
T3 Durmuhurta — muhurta slots by weekday (standard panchang convention; no verse for it in our library, so it is not cited to one)
T3 Muhurta Chintamani — Choghadiya/Kalahora prakarana; weekday-rotated 7-cycle