VedicSpace › पंचांग › कोलकाता › 2026-10-24
शुक्ल पक्ष त्रयोदशी तिथि, उत्तराभाद्रपद नक्षत्र · शनिवार · पश्चिम बंगाल (22.5726°, 88.3639°)
दिन शुद्धि: शुद्धविक्रम संवत् 2083 (सिद्धार्थी)शक संवत् 1948तुला (आश्विन)
पंचांग का अर्थ है दिन के पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। ये पाँचों सूर्य और चंद्र की वास्तविक स्थिति से निकलते हैं और दिन भर बदलते रहते हैं, इसलिए इनकी गणना कोलकाता (22.5726°, 88.3639°) के अपने सूर्योदय — आज यहाँ 05:37 AM से की जाती है, किसी देश-भर के औसत से नहीं। नीचे इन्हीं पाँचों के आज के मान हैं, उनके समाप्ति-काल के साथ, और उसके बाद दिन के शुभ और अशुभ समय।
| फल | |||
|---|---|---|---|
| तिथि | शुक्ल पक्ष त्रयोदशी | तक 01:37 PM | जया तिथि — शुभ एवं सहायक। |
| वार | शनिवार | — | श्रम, लोहा, तेल, दीर्घकालिक कार्य — शुभ आरम्भ वर्जित। |
| नक्षत्र | उत्तराभाद्रपद · पाद 2 | तक 08:32 PM | स्थिर नक्षत्र — गृह-प्रवेश, रोपण, राज्याभिषेक, दीर्घकालिक एवं स्थायी कर्म। |
| योग | व्याघात | तक 08:01 PM | अशुभ नित्य-योग — शुभ कर्म वर्जित। |
| करण | तैतिल | तक 01:37 PM | चर करण — प्रायः सभी कार्यों हेतु उपयुक्त। |
| सूर्योदय | 05:37 AM |
| सूर्यास्त | 05:05 PM |
| चन्द्रोदय | 03:44 PM |
| चन्द्रास्त | 03:28 AM |
| चन्द्र राशि | मीन |
| सूर्य राशि | तुला |
| अयन · ऋतु | दक्षिणायन · शरद् |
| अभिजित मुहूर्त | 10:58 AM – 11:43 AM |
| ब्रह्म मुहूर्त | 04:01 AM – 04:49 AM |
| अमृत काल | 03:29 PM – 05:02 PM |
| राहु काल | 08:29 AM – 09:55 AM |
| गुलिक काल | 05:37 AM – 07:03 AM |
| यमगण्ड | 12:47 PM – 02:13 PM |
| वर्ज्यम् | 06:08 AM – 07:42 AM |
| दुर्मुहूर्त | 08:40 AM – 09:26 AM |
| दुर्मुहूर्त | 01:15 PM – 02:01 PM |
| काल | 05:37 AM – 07:03 AM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 07:03 AM – 08:29 AM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 08:29 AM – 09:55 AM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 09:55 AM – 11:21 AM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 11:21 AM – 12:47 PM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 12:47 PM – 02:13 PM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 02:13 PM – 03:39 PM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 03:39 PM – 05:05 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| लाभ | 05:05 PM – 06:39 PM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
| अमृत | 06:39 PM – 08:13 PM | अमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम |
| काल | 08:13 PM – 09:47 PM | काल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित |
| शुभ | 09:47 PM – 11:21 PM | शुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा |
| रोग | 11:21 PM – 12:55 AM | रोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित |
| उद्वेग | 12:55 AM – 02:29 AM | उद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित |
| चर | 02:29 AM – 04:03 AM | चर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य |
| लाभ | 04:03 AM – 05:37 AM | लाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम |
यह दिन आपकी कुंडली पर: अपनी कुंडली बनाएँ · मुहूर्त खोजें · मेरा 90-दिन का पंचांग
22 Oct 202623 Oct 202625 Oct 202626 Oct 202627 Oct 202631 Oct 2026
लखनऊदिल्लीमुंबईचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरवाराणसीपटनाकानपुर