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VedicSpaceपंचांगसिडनी › 2027-02-13

सिडनी पंचांग — 13 फ़रवरी 2027

शुक्ल पक्ष षष्ठी तिथि, अश्विनी नक्षत्र · शनिवार · न्यू साउथ वेल्स (-33.8688°, 151.2093°)

दिन शुद्धि: शुद्धविक्रम संवत् 2084 (रौद्री)शक संवत् 1949मकर (पौष)

पंचांग का अर्थ है दिन के पाँच अंग — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। ये पाँचों सूर्य और चंद्र की वास्तविक स्थिति से निकलते हैं और दिन भर बदलते रहते हैं, इसलिए इनकी गणना सिडनी (-33.8688°, 151.2093°) के अपने सूर्योदय — आज यहाँ 06:28 AM से की जाती है, किसी देश-भर के औसत से नहीं। नीचे इन्हीं पाँचों के आज के मान हैं, उनके समाप्ति-काल के साथ, और उसके बाद दिन के शुभ और अशुभ समय।

फल
तिथिशुक्ल पक्ष षष्ठीतक 08:29 AMनन्दा तिथि — शुभ एवं सहायक।
वारशनिवारश्रम, लोहा, तेल, दीर्घकालिक कार्य — शुभ आरम्भ वर्जित।
नक्षत्रअश्विनी · पाद 4तक 11:26 AMक्षिप्र नक्षत्र — व्यापार, औषधि, विद्या, ललित कला, शीघ्र कार्य।
योगशुक्लतक 10:48 PMशुभ नित्य-योग — दिन के कार्यों का पोषक।
करणतैतिलतक 08:29 AMचर करण — प्रायः सभी कार्यों हेतु उपयुक्त।
इस पृष्ठ के गुण-शब्द

सूर्य–चन्द्र

सूर्योदय06:28 AM
सूर्यास्त07:51 PM
चन्द्रोदय12:39 PM
चन्द्रास्त10:56 PM
चन्द्र राशिमेष
सूर्य राशिमकर
अयन · ऋतुउत्तरायण · हेमन्त

शुभ मुहूर्त

अभिजित मुहूर्त12:42 PM – 01:36 PM
ब्रह्म मुहूर्त04:52 AM – 05:40 AM
अमृत काल

अशुभ काल — वर्जित

राहु काल09:48 AM – 11:29 AM
गुलिक काल06:28 AM – 08:08 AM
यमगण्ड02:49 PM – 04:30 PM
वर्ज्यम्07:54 AM – 09:30 AM
दुर्मुहूर्त10:02 AM – 10:55 AM
दुर्मुहूर्त03:23 PM – 04:16 PM

दिन चौघड़िया

काल06:28 AM – 08:08 AMकाल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित
शुभ08:08 AM – 09:48 AMशुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा
रोग09:48 AM – 11:29 AMरोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित
उद्वेग11:29 AM – 01:09 PMउद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित
चर01:09 PM – 02:49 PMचर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य
लाभ02:49 PM – 04:30 PMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम
अमृत04:30 PM – 06:10 PMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम
काल06:10 PM – 07:51 PMकाल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित

रात्रि चौघड़िया

लाभ07:51 PM – 09:10 PMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम
अमृत09:10 PM – 10:30 PMअमृत — समस्त शुभ कर्मों हेतु सर्वोत्तम
काल10:30 PM – 11:49 PMकाल — धन-संचय, वाद-विवाद; शुभ आरम्भ वर्जित
शुभ11:49 PM – 01:09 AMशुभ — विवाह, संस्कार, शिक्षा
रोग01:09 AM – 02:29 AMरोग — संघर्ष, ऋण-वसूली; शुभ आरम्भ वर्जित
उद्वेग02:29 AM – 03:48 AMउद्वेग — केवल राजकीय / उत्तेजक कार्य; शुभ आरम्भ वर्जित
चर03:48 AM – 05:08 AMचर — यात्रा, वाहन, चंचल कार्य
लाभ05:08 AM – 06:28 AMलाभ — व्यापार, वाणिज्य, नवीन उपक्रम

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अन्य तिथियाँ

अन्य नगरों का पञ्चाङ्ग

स्रोत एवं प्रमाण

P Sun/Moon sidereal longitudes via Swiss Ephemeris (pyswisseph), Lahiri/Chitrapaksha ayanamsa
T1 Surya Siddhanta — tithi=Moon−Sun/12°, nakshatra=Moon/13°20′, yoga=(Sun+Moon)/13°20′, karana=half-tithi
T3 Rahu/Yamaganda/Gulika kalam — 8 equal day-octants by weekday (standard panchang convention)
T2 Prasna Marga — Visha (Varjyam) & Amrita ghati table per nakshatra
T2 Muhurta Chintamani — auspicious/inauspicious yogas, masa/ritu/ayana
T2 Abhijit = the midday muhurta — Jaimini Sutras, B. S. Rao 1955, commentator's note to Su.27: “The mid-day goes under the name of Abhijit and is considered as very auspicious for all work. It cuts away all evils. Abhijit sarva doshaghnam.” Day divided into 15 muhurtas of 2 ghati each, varying with daylength — Brihat Parasara Hora Sastra (Tara Chandra Shastri / Khemaraja edition)
T3 Durmuhurta — muhurta slots by weekday (standard panchang convention; no verse for it in our library, so it is not cited to one)
T3 Muhurta Chintamani — Choghadiya/Kalahora prakarana; weekday-rotated 7-cycle